अनुभवी पेशेवरों की एक टीम के साथ, हम भारत के आंध्र प्रदेश के प्रसांतिनिलायम में दालचीनी की आपूर्ति और व्यापार में लगे हुए हैं। दालचीनी (त्वक) एक मसाला पौधा है जिसका उपयोग आयुर्वेदिक चिकित्सा में हजारों वर्षों से किया जा रहा है और यह विभिन्न उपचारों में एक आवश्यक घटक है। दालचीनी के कई गुणों को जिम्मेदार ठहराया जाता है: चयापचय में सुधार करता है, सर्दी, दांत दर्द, दस्त और अनिद्रा के लिए अच्छा है। मसूड़ों को मजबूत बनाता है और इसका उपयोग माउथ फ्रेशनर के रूप में किया जाता है। सामान्य रूप से ऊर्जा बढ़ाता है। ऊर्जावान प्रभाव: स्वाद (रस): मीठा (मधुरा), गर्म (काटू) पोटेंसी (विरिया) वार्मिंग (उष्णा) पाचन के बाद का स्वाद (विपक): मीठा (मधुरा) गुण (गुण): प्रकाश (लघू), तैलीय (स्निग्धा) संवैधानिक ऊर्जा (दोशा): = -VK, P + ऊतक तत्व (धातु): प्लाज्मा (रस), रक्त (रक्त), मांसपेशियां (मम्सा) चैनल (srota): श्वसन (प्रणवाह) और प्लाज्मा (रसवाह) विशिष्ट प्रभाव (प्रभव): हृदय (हृदय), विषाक्त पदार्थ (अमादोशहारा), परजीवी रोधी (क्रिमिग्ना), शक्ति (बाल्य) दालचीनी के घरेलू उपचार: